रीवा संभाग के कमिश्नर बीएस जामोद ने वीडियो कान्फ्रेंसिंग के माध्यम से शासन की उच्च प्राथमिकता की योजनाओं तथा कार्यक्रमों के क्रियान्वयन की समीक्षा की। कमिश्नर ने कहा कि सभी कलेक्टर शासन की उच्च प्राथमिकता की योजनाओं और कार्यक्रमों के क्रियान्वयन पर विशेष ध्यान दें। जल गंगा संवर्धन अभियान के तहत शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों में जल संरक्षण के कार्य कराएं। इस अभियान में जनता की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करके इसे जन-जन का अभियान बनाएं। जल संरक्षण से ही धरती पर मानव जीवन और समस्त जीवों के जीवन को सुरक्षा मिलेगी। इसकी कार्ययोजना में शामिल निर्माण कार्यों को एक सप्ताह में प्रशासकीय और तकनीकी स्वीकृति जारी कराकर उत्सव के माहौल में जल संरक्षण के कार्य कराएं। कमिश्नर ने कहा कि संभाग के मैहर और मऊगंज नवगठित जिले हैं। सभी प्रभारी अधिकारी इन जिलों का कम से कम दो दिन अनिवार्य रूप से भ्रमण करें।
कमिश्नर ने कहा कि राजस्व प्रकरणों के निराकरण के लिए नियमित सुनवाई करके दो वर्ष से अधिक अवधि के सभी राजस्व प्रकरण तीन माह में निराकृत करें। सीमांकन के सभी प्रकरण एक माह की समय सीमा में निराकृत करें। पिछले दो माह में सभी जिलों में नामांतरण, बंटवारा और सीमांकन के प्रकरण बड़ी संख्या में निराकृत किए गए हैं। बंटवारे के प्रकरणों के निराकरण में रीवा जिला प्रदेश में प्रथम स्थान पर है। लोक सेवा गारंटी में तय समय सीमा में राजस्व प्रकरणों के निराकरण न होने तथा साइबर तहसील में समय सीमा में रिपोर्ट दर्ज न होने पर जुर्माने की कार्यवाही करें। सीएम हेल्पलाइन में भी 50 दिन से अधिक समय से लंबित सभी प्रकरणों का सात दिवस में निराकरण कराएं। पिछले दो महीने में लंबित पेंशन प्रकरण बड़ी संख्या में निराकृत किए गए हैं। कलेक्टर पेंशन प्रकरणों के निराकरण की हर सप्ताह समीक्षा करें।
कमिश्नर ने कहा कि संभाग के सभी जिलों में गेंहू का उपार्जन शुरू हो गया है। उपार्जन केन्द्रों में समस्त व्यवस्थाएं सुनिश्चित करें। राजस्व अधिकारी भी खरीदी केन्द्रों का नियमित रूप से निरीक्षण करें। उपार्जित गेंहू के सुरक्षित भण्डारण तथा किसानों को तीन दिवस में भुगतान सुनिश्चित करें। कलेक्टर पेयजल व्यवस्था की भी सतत निगरानी करें। जिन क्षेत्रों में जल स्तर घटने से हैण्डपंप बंद हो गए हैं वहाँ सिंगल फेज मोटर की व्यवस्था करके पानी की आपूर्ति कराएं। पेयजल समस्यामूलक गांवों का चिन्हांकन करके उनमें पानी की आपूर्ति सुनिश्चित करें। पीएचई विभाग के अधिकारी खराब हैण्डपंपों के सुधार और नलजल योजनाओं को सतत चालू रखने के लिए लगातार प्रयास करें। जिला और विकासखण्ड स्तर पर कंट्रोल रूम बनाकर पेयजल व्यवस्था की निगरानी करें। खाद्य सुरक्षा योजना के सभी हितग्राहियों का 30 अप्रैल तक ई केवाईसी सुनिश्चित करें। इसके साथ-साथ मृत और स्थाई रूप से पलायन करने वाले व्यक्तियों के नाम पृथक करने की कार्यवाही करें। अप्रैल माह के आवंटन का उठाव संतोषजनक नहीं है। नागरिक आपूर्ति निगम के अधिकारी शत-प्रतिशत खाद्यान्न का उठाव करके तीन दिवस में उचित मूल्य दुकानों में भण्डारित कराएं। इसमें किसी भी तरह की लापरवाही सहन नहीं की जाएगी। कलेक्टर खाद्यान्न वितरण की भी हर सप्ताह समीक्षा करें।
बैठक में कमिश्नर ने स्कूल चलें हम अभियान के तहत विद्यार्थियों के शाला प्रवेश, नि:शुल्क पुस्तकों के वितरण, जल गंगा संवर्धन अभियान, वृक्षारोपण तथा सीएम हेल्पलाइन प्रकरणों के निराकरण के संबंध में अधिकारियों को निर्देश दिए। वीडियो कान्फ्रेंसिंग से बैठक में शामिल कलेक्टर रीवा श्रीमती प्रतिभा पाल ने बताया कि पेयजल एवं गेंहू उपार्जन की सतत समीक्षा की जा रही है। जिले में गेंहू उपार्जन के लिए खरीदी केन्द्र शुरू हो गए हैं। हितग्राहियों का प्रतिदिन तीन से सात हजार तक ई केवाईसी कराई जा रही है। जिले में दो साल से अधिक के सभी राजस्व प्रकरण तीन माह में निराकृत कर दिए जाएंगे। बैठक में वीडियो कान्फ्रेंसिंग से शामिल कलेक्टर सतना डॉ सतीश कुमार एस, कलेक्टर सीधी स्वरोचिष सोमवंशी, कलेक्टर सिंगरौली चंद्रशेखर शुक्ला, कलेक्टर मैहर श्रीमती रानी बाटड तथा कलेक्टर मऊगंज संजय कुमार जैन ने निर्धारित एजेण्डा बिन्दुओं की जानकारी दी। बैठक में संयुक्त आयुक्त दिव्या त्रिपाठी, उपायुक्त श्रेयस गोखले तथा सभी संभागीय अधिकारी उपस्थित रहे।




